वेबसाइट की राजधानी – वर्डप्रेस ! वर्डकेम्प दिल्ली

जय वर्डप्रेस !

wordcamp delhi

वर्डप्रेस को वेबसाइट्स की राजधानी कहना गलत नहीं होगा क्योंकि विश्व में बनी हुई हर चौथी वेबसाइट वर्डप्रेस पर है ।सबसे लोकप्रिय कंटेंट मैनेजमेंट सिस्टम ,वेबसाइट डेवेलपर्स की पहली पसंद -वर्डप्रेस ।और ऐसे ही तमाम वर्डप्रेस यूज़र्स एकत्रित हुए देश की राजधनी दिल्ली में वर्ड कैंप इवेंट में ।दिल वालों की दिल्ली ने दिल से स्वागत किया सबका ।रिमझिम बरसात और ठंडी हवा के झोंकों के संग हमने रुख किया जंतर मंतर की ओर – ना ना धरने के  लिए नहीं ,NDMC कन्वेंशन सेंटर पर अपने तशरीफ़ को धरने के लिए और वर्डप्रेस के महारथियों से ज्ञान लेने के लिए. माहौल खुशनुमा था और सभी एक दूसरे की सहायता क लिए तत्पर थे ।पंजीकरण कराया और #wckanpur ,वर्डकेम्प कानपूर में बने मित्रों से जान पहचान हुई ।सैंडविच ,कूकीज और चाय पर हांथ साफ़ करने के बाद हांथ मिलाने का दौर शुरू हुवा और बहुत लोगों से जान पहचान की । इसी बीच मुलाकात हुई @dotcomfolk सिब्तैन ज़हीर जी से जो की @wordcampdelhi वर्डकेम्प  दिल्ली के आर्गेनाइजर हैं ।उनकी मेहनत रंग लायी थी और हम आज उस मेहनत का मीठा फल खा रहे थे ।ज़हीर जी ने हमारे वर्डकेम्प कानपूर के ब्लॉग पोस्ट की तारीफ़ की और वर्डकेम्प दिल्ली पर ब्लॉग के लिए आग्रह किया । अपने ब्लॉग के कुछ विज़िटर्स से भी पहले बार आमने सामने मिलने का मौका मिला ।फिर सेशन शुरू हुवा ज्ञान अर्जन का । पहले स्पीकर थे @rahul286 राहुल बंसल जी ।

@rtcamp आर टी कैंप से राहुल बंसल ने बताया की कैसे हम इंटरप्राइजेज(उद्योगों ) को वर्डप्रेस बेंच सकते हैं ।वर्डप्रेस को लेकर क्लाइंट अक्सर सिक्योरिटी और ओपन सोर्स होने की बात कहता है ।वर्डप्रेस को लार्ज स्केल वेबसाइट बनाने के लायक नहीं समझता , फ्री होने पर भी दुविधा प्रकट करता है और इसे अन्य सॉफ्टवेयर के साथ समायोजित करने के विषय में भी शंका जाहिर करता है । इन सभी शंकाओं का समाधान दिया राहुल जी ने ।

अगले स्पीकर थे @xlplugins एक्स एल प्लगिन्स से @djeet  दमनजीत सिंह जी जिन्होंने बताया क्यों पहली बार वेबसाइट पर आया विजिटर आपका कस्टमर नहीं बनता है ।क्यों उसको आप पर ट्रस्ट नहीं होता है और कैसे हम ये ट्रस्ट गेन कर सकते हैं , अपनी साइट को और भरोसेमंद बना सकते हैं ।

प्रेजेंटेशन के मध्य में ही अनाउंसमेंट हुवा की @wpoets डब्लूपोएट्स से @thecancerus अमित कुमार सिंह जी दूसरे हॉल में वर्डप्रेस के साथ ही दूसरे प्लगिन्स का साथ लेकर कैसे अपनी वेबसाइट के फीचर्स बढ़ा सकते हैं ।

सुनते ही आधा ध्यान उधर की ओर भगा । दिल जैसे लेफ्ट राइट में विभजित होकर दमनजीत जी और अमित जी की अलग अलग सुनना चाह रहा था । कित्नु शारीरिक विवशता के कारन किसी एक को चुनना था । दमनजीत जी से ज्ञान लेकर मै टी ब्रेक में अमित जी से मिल कर उनसे और जानकारी ली ।

अमित जी ने बताया की कैसे हम कम समय में ही प्लगइन या थीम्स के कोड में थोड़े चेंज कर के वेबसाइट को और अधिक अच्छे से डेवेलप कर सकते हैं ।

हाल १ में अगले स्पीकर थे @ravichahar27 रवि चाहर जी,उन्होंने ने बताया अब आपको पीले ट्रायंगल से घबराने की जरुरत नहीं है । एरर को कैसे ट्रबलशूट करना है और क्यों आपको बेसिक एरर्स को ठीक करना आना चाहिए । रवि जी ने एक सटीक बात बताई की अगर कोई एरर आप नहीं सोल्व करते हो तो आपको सपोर्ट टीम को कांटेक्ट करना पड़ेगा या समस्या का टिकट जनरेट करना पड़ेगा ,ऐसे में आपका समय और वेबसाइट का डाउनटाइम बढ़ेगा जो आपके और आपके साइट विजिटर के  लिए अच्छा नहीं है ।

हॉल २ में वरुण शर्मा जी ने बताया कैसे कोडिंग और प्रोग्रामिंग डेवलपर की पहचान बन गए हैं ।उन्होंने बताया क्यों हमे रीडेबल कोड लिखने चाहिए और ख़राब लिखे हुए कोड से क्या नुकसान है । कोड को आसानी से पढ़ा जा सके उसके ९ तरीके भी उन्होंने बताये ।उन्होंने अपना एक्सपीरियंस वर्डप्रेस यूजर्स और वर्डप्रेस डेवलपर के तौर पर साझा किया ।

चाय कॉफ़ी का समय था और फिर कुछ हैंड शेक हुवे । नाश्ते के बाद हॉल १ में घुसे तो देखा कुर्सियां सज चुकी थी मंच पर आसीन थे धुरंधर @ankurraheja अंकुर रहेजा ,रॉडनी राइडर और @sanyog संयोग शेलार जी । विषय था वर्डप्रेस,जी पी एल ,और कॉपीराइट ।और कैसे अपनी साइट की स्ट्रेटेजी को लीगल प्रूफ बना सकते हैं ।

उन्होंने चर्चा में बताया क्यों वर्डप्रेस जनरल पब्लिक लाइसेंस्ड है ।इसके क्या फायदे हैं ?लीगल इश्यूज ब्लॉगर और डेवेलपर के लिए क्यों महत्वपूर्ण हैं और आपकी क्या जिम्मेदारी है ।

हॉल २ में ऑटोमैटिक के हैपीनेस इंजीनियर @nagpai  नागेश पाई जी .com से .org ,दोनों वर्डप्रेस के सफर के बारे में बताया । wordpress .org और wordpress .com में क्या अंतर है और कौन सा वर्डप्रेस आपके लिए अधिक सुविधा जनक होगा।उन्होंने बताया की आप बिना पैसों के  भी वर्डप्रेस पर वेबसाइट बना सकते है और अपना ब्लॉगिंग सफर शुरू कर सकते हैं ,क्युकी वर्डप्रेस का मकसद ही है सबको बराबरी से लिखने का अवसर देना फिर वो किसी भी विचारधारा का हो ।

हॉल १ में अगले वक्ता थे @iashutoshgaur आशुतोष गौर जी , जिन्होंने बताया की कैसे वर्डप्रेस आपके इंटरप्रेन्योर बनने के सफर में पहली सीढ़ी साबित हो सकता है । आशुतोष जी ने एक के बाद एक तीन एंटरप्राइज सफलतापूर्वक चलाये । उन्होंने बताया की कैसे वर्डप्रेस ने उन्हें सक्षम बनाया अपने बिज़नेस को बढ़ाने में ।अगले भाग में उन्होंने बताया कैसे नॉन टेक्निकल स्टार्टअप को वर्डप्रेस फायदा पंहुचा सकता है और कैसे आप क्लाइंट को वर्डप्रेस की विशेषताएं बता कर प्रोजेक्ट्स ले सकते हैं । बाद में मैंने उनसे पूछा की क्या डोमेन होस्टिंग लेकर ,वेबसाइट बनाने से ही सिर्फ कोई सीईओ और एंटरप्रेन्योर अपने आप को कहने लगता है यह कितना सही है ? और मज़े की बात ये ,जवाब के साथ ही साथ मुझे मिली तालियां ,एक कॉफ़ी मग और आशुतोष एंड वर्डकॉम्प दिल्ली अटेंड करने वालों के साथ सेल्फी लेने का मौका ।

वहीँ हाल २ में थे @hardeepasrani हरदीप असरानी जी ।उन्होंने बताया की कैसे गुटेनबर्ग की सहायता से हम कंटेंट एडिट कर सकते हैं और उसका वर्डप्रेस में क्या फ्यूचर है ।गुटेनबर्ग के बारे में विस्तार से जानकारी दी और बताया कैसे बिना कोड को टच किये हुवे भी हम पोस्ट को एडिट कर सकते हैं ।

लंच ब्रेक हुवा और सब बढ़ चले लज़ीज़ व्यंजन की ओर ! भोजन की महक ने भूख को और बढ़ा दिया लेकिन कतार का मंजर ऐसा था मनो फिर से नोट बंदी हो गयी है और हम बैंक के सामने खड़े है । भीड़ की वजह से फिर हमने अपना रुख रवि चाहर और नागेश पाई जी की ओर किया और उनसे कुछ और ज्ञानवर्धक बातें जानी ।पंक्ति छोटी हुई तो फिर लंच किया ।जलेबी और हलवे ने तो मिठास घोल दिया । लंच के दौरान ही दर्शन हुवे @denharsh हर्ष अग्रवाल के ,जो देश के सफलतम ब्लोगेर्स में से हैं ।

लंच के बाद सेशन था @arunbansal अरुण बंसल जी का जो की सर्वरगाय  और स्टार्टअप कैफ़े के सह -संस्थापक हैं । अरुण ने बताया कैसे हम वर्डप्रेस साइट को सिक्योर और सेफ, हैकिंग प्रूफ बना सके हैं । उन्होंने बताया कैसे हैकर साइट को हैक करने की कोशिश करते हैं और कैसे उनसे बचा जा सकता है । कैसे डाटा रिकवरी कर सकते है और क्या क्या काम साइट मेंटेनेंस के लिए करना चाहिए ।

वही हॉल २ में डेवेलपर्स के बिच @talwar _vineet विनीत तलवार जी बता रहे थे कैसे एक डोमेन से दूसरे डोमैन में एक साइट से दूसरे साइट में डाटा इम्पोर्ट -एक्सपोर्ट करते हैं । उन्होंने ने कुछ बेसिक डिफ़ॉल्ट डेटाबेस स्ट्रक्चर के बारे में भी बताया ।साइट माइग्रेशन के समय जो दिक्कतें आती हैं ,और माइग्रेशन के लिए कौन से टूल्स और प्लगइन इस्तेमाल करना है ये भी बताया ।

हॉल १ में @manikarthik मणि कार्तिक जी ने अपना सफलता का सफर साझा किया ।कैसे वो कोच्ची जैसे छोटे शहर से सिलिकॉन वैली में जॉब पा गए और कैसे उनकी सफलता में वर्डप्रेस और ब्लॉगिंग वरदान साबित हुवे ।उन्होंने अपने जीवन में आये ३ प्रमुख परिवर्तन (डिजास्टर) के बारे में भी बताया ।एक प्रेरणा दायक जर्नी रही है मणि कार्तिक जी की ।

अगले स्पीकर थे @WCAhemdabad के आर्गेनाइजर @iamparthpandya पार्थ जे पंड्या जी जिन्होंने बताया कैसे हम सोशल मीडिया का प्रयोग कर के भी क्लाइंट के साथ एक रिलेशनशिप बना सकते हैं और बिज़नेस गेन कर सकते हैं । “गुड मॉर्निंग ,हेलो बाए -फूलों के साथ ” जैसे पोस्ट से बेहतर है आप अपने क्लाइंट को कॉम्पलिमेंट करे या सहानुभूति दें ।उन्होंने ने रिलेशनशिप के ३ स्टेज बताये आत्मीयता,खोज और मान्यता ।अंत में उन्होंने अहमदाबाद वर्डकेम्प में आने का सबको बुलावा दिया और प्रॉमिस किया की वो आपको अच्छा गुजरती खाना खिलाएंगे ।

फिर समय हुवा चाय पकोड़ा सेशन का । तरह तरह के पकोड़ों के बीच ही फ्री गिफ्ट्स बटना शुरू हो गए और हमने भी अपना हक़ ले लिया ।

वापस आये तो @wcnagpur के आर्गेनाइजर @fitehal अभिषेक देशपांडे जी से चर्चा हुई के एक नॉन टेक व्यक्ति जिसे कोडिंग नहीं आती वो लैंग्वेज कैसे सिख सकता है ? और उपाय था www.w3schools.com|

मंच एक बार फिर से सज गया था और इस बार मोर्चा संभाला था महिलाओं ने ।@twilightfairy प्रियंका सचर जी ,@freelancingwhiz तूलिका किरण जी , @tibetanitech सेटें डोलकर जी ,@savitas सविता सोनी जी । इन सब ने अपनी फ्रीलांसिंग से इंटरप्रेन्योर बनने की यात्रा का विवरण दिया । कैसे वो अपनी वर्क लाइफ बैलेंस करती है ,क्यों उन्होंने डिजिटल करियर चुना और कैसे वर्डप्रेस ने उन्हें वो मुकाम दिया जहाँ पर वो आज हैं ।

वहीं चाय के समय पता चला की हॉल २ में ओपन सेशंस हुवे जिनमे आपस में डेवेलपर्स ने डिसकस किया की कैसे वो अपनी डेवलपमेंट स्किल्स को और सुधर सकते हैं ।हर किसी ने एक दूसरे को अपने ज्ञान और तजुर्बे साझा कर के इवेंट को सफल बनाया ।

हॉल २ में आखरी स्पीकर थे @ajitbohra अजीत बोहरा जी जिन्होंने बहुत ही दिलचस्प स्पीच दी कैसे हम वर्डप्रेस की दिनचर्या निर्धारित कर सकते है ।कौन से थीम ,प्लगइन ,सर्वर और मेंटेनेंस साइट पर करना चाहिए जिससे की आपकी वर्डप्रेस साइट स्वस्थ रहे ।

कहते हैं अंत भला तो सब भला इसीलिए वर्डकेम्प दिल्ली में आखरी स्पीकर थे @denharsh हर्ष अग्रवाल जी ,@shoutmeloud शाउट मी लाऊड के फाउंडर और ब्लॉगर ।एक ब्लॉग साइंटिस्ट और SEO एक्सपर्ट ।उनकी सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है की उन्होंने पिछले महीने ब्लॉगिंग से करीब ३४ लाख रुपये कमाए ।

हर्ष ने बताया कैसे आप अपने ब्लॉग में विजिटर बढ़ा सकते हो ,गूगल में अपनी साइट को पेज १ पर ला सकते हो और कैसे ब्लॉग से पैसे कमा सकते हो ।

अंत में सभी का धन्यवाद् हुवा और सब अपने अपने गंतव्य की ओर बढ़ चले ।

वर्डकेम्प दिल्ली अभी भी दिल में बसा हुवा है और सभी ज्ञानियों से जो सीखा है वो असल जिंदगी में उतारने की ललक है  । हम हैं राही वर्डप्रेस के फिर मिलेंगे किसी और कैंप में ।

वर्डप्रेस कानपूर के बारे में जानने के लिए क्लिक करे इस ब्लॉग पर |http://digitalgaurav.in/2017/07/14/

सुझाव और टिप्पड़ियों का इन्तजार है ।

गौरव श्रीवास्तव(https://twitter.com/digitalgauravdm )

नोट : ( ) में सम्बंधित व्यक्ति का ट्विटर हैंडल दिया हैं | आप भी अपने पसंद के व्यक्ति से जुड़ सकते हैं !

 

 

 

6 thoughts on “वेबसाइट की राजधानी – वर्डप्रेस ! वर्डकेम्प दिल्ली”

    1. धन्यवाद् आपका दिनेश जी ।वर्डप्रेस के प्रति जागरूकता फ़ैलाने में यह मेरा छोटा सा प्रयास है ।

  1. माफ़ करना, आपके बढ़िया लेखन को मैं काफी दिनों बाद पढ़ रहा हूँ. WordCamp Delhi पर इतना सुन्दर लेख, और मेरे Talk के बारे मैं लिखने केलिए बोहोत धन्यवाद. 🙂

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